Uncategorized

दूरस्त वनांचल क्षेत्र राजापड़ाव -,गौरगाव क्षेत्र के आश्रम, स्कूलो का जिला पंचायत सदस्य श्रीमती लोकेश्वरी नेताम ने किया निरीक्षण

दूरस्त वनांचल क्षेत्र राजापड़ाव -,गौरगाव क्षेत्र के आश्रम, स्कूलो का जिला पंचायत सदस्य श्रीमती लोकेश्वरी नेताम ने किया निरीक्षण

प्रधान संपादक खिरसिन्दुर नागेश

दूरस्त वनांचल क्षेत्र राजापड़ाव -,गौरगाव क्षेत्र के आश्रम, स्कूलो का जिला पंचायत सदस्य श्रीमती लोकेश्वरी नेताम ने किया निरीक्षण

 

 

 

 

आदिवासी इलाके के स्कूल, आश्रम, छात्रावासों में बदहाल स्थिति एवं अब तक पूरी पाठ्य पुस्तक का नही किया गया वितरण

 

गरियाबंद – मैनपुर विकासखण्ड के बिहड़ वनांचल में बसे राजापड़ाव गौरगांव क्षेत्र के स्कूल आश्रम के निरीक्षण में पहुंचे जिला पंचायत सदस्य श्रीमती लोकेश्वरी नेताम ने छात्र छात्राओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को जाना और जल्द ही इस मामले में गरियाबंद कलेक्टर को अवगत कराकर समस्या समाधान करने का आश्वासन दिया है जिला पंचायत सदस्य श्रीमती लोकेश्वरी नेताम ने मैनपुर से लगभग 38 कि.मी. दूर संवेदनशील क्षेत्र ग्राम गहराडीह आदिवासी कन्या आश्रम का निरीक्षण किया यहां 100 सीटर आश्रम में मात्र 34 पलंग ही उपलब्ध है और 100 बच्चे इसी 34 पलंग में कैसे गुजारा करते होंगे यह समस्या से जिला पंचायत सदस्य को अवगत कराया गहराडीह शासकीय हाईस्कूल का निरीक्षण किया जहां शौचालय की बेहद दयनीय स्थति है स्कूली बच्चों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है और तो और स्कूल के चारो तरफ आहता निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया है कई बार इसे पूरा करने की मांग ग्रामीणों द्वारा किया जा चूका है लेकिन इस गंभीर समस्या की ओर कोई ध्यान नही दिया जा रहा है और तो और बच्चों को और भी मूलभूत सुविधाए उपलब्ध नही हो पा रही है ग्रामीणों ने बताया इस गांव में आज तक बिजली नही लगी है सौर उर्जा महज एक डेढ़ घंटे चलने के बाद पूरी रात अंधेरे में जीवन यापन करने पड़ रहा है स्कूली छात्र छात्राओं को भी भारी परेशानी हो रही है शोभा स्थित आश्रम छात्रावासों का भी जिला पंचायत सदस्य लोकेश्वरी नेताम ने निरीक्षण किया छात्र छात्राओं की समस्याओं को सूना क्षेत्र के दौरा के पश्चात पत्रकारो को श्रीमती नेताम ने बताया आज भी राजापड़ाव गौरगांव क्षेत्र के लोगो को मूलभूत सुविधाए उपलब्ध नही हो पा रही है नया शिक्षा सत्र प्रारंभ हुए तीन माह बितने को है लेकिन बदहाल शिक्षा व्यवस्था की यह स्थिति है कि अभी तक मैनपुर विकासखण्ड के अधिकांश स्कूलों में पूरी निशुल्क पाठ्य पुस्तक नही मिल पाई है जबकि शिक्षा सत्र प्रारंभ होने से पहले पुस्तक पहुंचा देने का दावा किया जा रहा था जब आदिवासी क्षेत्र के बच्चों को पढ़ने के लिए पुस्तक ही नही मिलेगा तो उनका भविष्य कैसा सुनहरा होगा जबकि पिछले तीन माह में त्रैमासिक परीक्षा अंकलन का समय आ गया है और अब तक पूरी पुस्तक का वितरण नही किया गया है आधे अधूरे किताबों से स्कूलो में पढ़ाई चल रही है इस आदिवासी क्षेत्र में आश्रम छात्रावास एवं स्कूलों के बदहाल व्यवस्था में यदि जल्द सुधार नही किया गया तो उग्र आन्दोलन किया जायेगा।

*हमारे यूट्यूब चैनल Deobhog news express को सब्सक्राइब करें*

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button
error: Content is protected !!